ऋग्वेद संहिता (सरल हिन्दी भावार्थ सहित)
Rigveda Samhita with Hindi Translation
डा. गंगा सहाय शर्मा द्वारा
स्रोत: संस्कृत साहित्य प्रकाशन · संस्कृत साहित्य प्रकाशन (उद्गम)
पृष्ठ 538, कुल 1855 में से
संदर्भ में पढ़ेंमैं सुंदर आदित्यों के लिए घृत टपकाने वाले ये स्तुति रूपी वचन सदा प्रस्तुत करता हूं. मित्र, अर्यमा, भग, अनेक देशों में उद्भूत वरुण, दक्ष एवं अंश मेरा वचन सुनें. (१) इमं स्तोमं सक्रतवो मे अद्य मित्रो अर्यमा वरुणो जुषन्त. आदित्यासः शुचयो धारपूता अवृजिना अनवद्या अरिष्टाः.. (२) दीप्यमान्, पवित्र, सब पर अनुग्रह करने वाले, अनिंदनीय, दूसरों द्वारा अहिंसित एवं समान कार्य करने वाले मित्र, अर्यमा एवं वरुण नामक अदितिपुत्र आज मेरे इस स्तोत्र को सुनें. (२) त आदित्यास उरवो गभीरा अदब्धासो दिप्सन्तो भूर्यक्षाः. अन्तः पश्यन्ति वृजिनोत साधु सर्व राजभ्यः परमा चिदन्ति.. (३) महान्, गंभीर, शत्रुओं द्वारा अहिंसित, शत्रुनाश के अभिलाषी तथा अमित तेजस्वी अदितिपुत्र प्राणियों के अंतःकरण में रहने के कारण उनके पापपुण्यों को देखते हैं. प्रकाशमान आदित्यों के लिए दूर की वस्तु भी पास ही है. (३) धारयन्त आदित्यासो जगत्स्था देवा विश्वस्य भुवनस्य गोपाः. दीर्घाधियो रक्षमाणा असुर्यमृतावानश्चयमाना ऋणानि.. (४) स्थावर एवं जंगम को धारण करते हुए आदित्य देव संपूर्ण संसार की रक्षा करते हैं. विशाल यज्ञों के स्वामी वे आदित्य प्राण के हेतु जल की रक्षा करते हैं. वे सत्ययुक्त एवं स्तोताओं को ऋणरहित बनाने वाले हैं. (४) विद्यामादित्या अवसो वो अस्य यदर्यमन्भय आ चिन्मयोभु. युष्माकं मित्रावरुणा प्रणीतौ परि श्वभ्रेव दुरितानि वृज्याम्.. (५) हे आदित्यगण! हम तुम्हारी रक्षा प्राप्त करें. तुम्हारा सहारा भय उपस्थित होने पर सुख देता है. हे अर्यमा, मित्र और वरुण! जिस प्रकार रास्ता चलने वाले गड्ढों को छोड़ देते हैं, उसी प्रकार तुम्हारे अनुगामी बनकर हम पापों का त्याग कर दें. (५) सुगो हि वो अर्यमन्मित्र पन्था अनृक्षरो वरुण साधुरस्ति. तेनादित्या अधि वोचता नो यच्छता नो दुष्परिहन्तु शर्म.. (६) हे अर्यमा, मित्र एवं वरुण! तुम्हारा पथ सुगम, निष्कंटक एवं सुंदर है. हे आदित्यगण! हमें उसी मार्ग से ले चलो, मधुर वचन बोलो तथा हमें अविनाशी सुख प्रदान करो. (६) पिपर्तु नो अदिति राजपुत्राति द्वेषांस्यर्यमा सुगेभिः. बृहन्मित्रस्य वरुणस्य शर्मोप स्याम पुरुवीरा अरिष्टाः.. (७) ebook converter DEMO Watermarks*