बौधायन शुल्बसूत्रम् (आचार्य बौधायन - प्राचीन वैदिक रेखागणित, ज्यामिति एवं वेदी-निर्माण सटीक)

बौधायन शुल्बसूत्रम् (आचार्य बौधायन - प्राचीन वैदिक रेखागणित, ज्यामिति एवं वेदी-निर्माण सटीक)
Baudhayana Shulbasutram with Commentary by Vibhutibhushan Bhattacharya
आचार्य बौधायन (सम्पादक: विभूतिभूषण भट्टाचार्य) द्वारा
DevanagariHindipublished366 पृष्ठ
पृष्ठ 261, कुल 366 में से
संदर्भ में पढ़ेंपृष्ठ 261
चित्र २३ । ( १९० सूत्रे पाशुबन्धिकवेदिकरणे ।)
रेखाचित्र-विवरणम् (आकृतेरन्तर्गतानि अक्षराणि अङ्काश्च)
शिरोभागः (पूर्वभागः) : [वामकोणे] झ [मध्यभागे] ख [दक्षिणकोणे] ज [विस्तार-मानम्] ११७ अं०
मध्यरेखा (प्राची) : १८८ अं० (ऊर्ध्वाधररूपेण) [केन्द्रे] म
पार्श्वभागौ : [वामपार्श्वे] ङ [दक्षिणपार्श्वे] ञ
तलभागः (पश्चिमभागः) : [वामकोणे] च [दक्षिणकोणे] छ [विस्तार-मानम्] १५० अं० [मध्यभागे] क [तस्याधः] प० (पश्चात्)