ब्राह्मस्फुटसिद्धान्त (ब्रह्मगुप्त - शून्य, कुट्टक, बीजगणित एवं सम्पूर्ण २१ अध्याय सान्वय सटीक)

ब्राह्मस्फुटसिद्धान्त (ब्रह्मगुप्त - शून्य, कुट्टक, बीजगणित एवं सम्पूर्ण २१ अध्याय सान्वय सटीक)
Brahmasphuta Siddhanta of Brahmagupta with Commentary
आचार्य ब्रह्मगुप्त द्वारा
DevanagariHindipublished737 पृष्ठ
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( २६३ ) द्युगु१णमवशेषाद्रविचन्द्रौ मध्य२मौ स्फुटा३दथवा । एवं तिथिं ग्रहं वा कुर्वन्नावत्सराद् गणकः ॥ ६०४ ॥ एक३दिनावमशेषं षट्१गणमेकरविचन्द्रभगणोनम्२ । शुध्यति भूदिनभक्तं४ व्येकं चांद्रं स्तदुक्तिरियम्५ ॥ ६१ ॥ इषु४शरकृताष्टदिग्भिः १०८४५५ संगुणितादवमशेषा१द् भक्तात् । रूपाष्ट२रसवेदरसशून्यशर६गुणैः ३५०६४८१ दिनगणः३ शेषम् ॥ ६२५ ॥
६०. (घ) (वि०—इसकी क्रमसंख्या ६१ है)
१. गण for (गुण) (ग) द्युगणमवमासशेषा for (द्युगणमवशेषा)
२. मध्यमौ (च) for (मध्यमौ)
(ग) ३. स्फुटावथवा for (स्फुटादथवा) (वि०—इसकी क्रमसंख्या ६० है)
(च) १. द्युगण for (द्युगुण)
४. (वि०—क्रमसंख्या ६१ अंकित है)
(ङ) १. गुणमवमावशेषा for (गुणमवशेषा)
६१. (घ) (वि०—इसकी क्रमसंख्या ६२ है)
(ग) १. चद्गुण for (षट्गुण) २. सगणोना for (भगणोनम्)
३. एकादिना for (एकदिना) ४. भूदिभक्तं for (भूदिनभक्तं)
(च) ५. (वि०—यहां क्रमसंख्या ६२ अंकित है)
(ङ) ३. एकदिनमवशेषं for (एकदिनावमशेषं)
१. यद्गुणमेक for (षट्गणमेक)
६२. (घ) (वि०—इसकी क्रमसंख्या ६३ है)
१. दवमवशेषकाद् for (दवमशेषाद्भक्तात्)
२. रूपाष्ट वेदरसशून्य (ग) for (रूपाष्टरसवेदरसशून्य)
३. दिनगणः (ङ) (च) for (दिनगणः)
(ग) ४. इष्टशरकृताष्टदिग्भिः for (इषुशरकृताष्टदिग्भिः)
५. देवमशेषाकभक्तात् for (दवमशेषाद् भक्तात्)
६. रगुणैः for (शरगुणैः)
(च) १. दवमवशेषकाङ्कक्तात् for (दवमशेषाद्भक्तात्)
२. वेदरस (ङ) for (रसवेदरस)
८. (वि०—क्रमसंख्या ६३ अंकित है)
(ङ) १. शेषेकाङ्कक्तात् for (शेषाद्भक्तात्)