भारतकोश
ब्राह्मस्फुटसिद्धान्त (ब्रह्मगुप्त - शून्य, कुट्टक, बीजगणित एवं सम्पूर्ण २१ अध्याय सान्वय सटीक)

ब्राह्मस्फुटसिद्धान्त (ब्रह्मगुप्त - शून्य, कुट्टक, बीजगणित एवं सम्पूर्ण २१ अध्याय सान्वय सटीक)

Brahmasphuta Siddhanta of Brahmagupta with Commentary

आचार्य ब्रह्मगुप्त द्वारा

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पृष्ठ 707

( ३२१ ) भट ब्रह्माचार्येण^४ जिष्णुतनयेन^६ गणितगोलविदा । आर्याष्टसहस्रेण^१ ^२ स्फुटसिद्धान्ते^२ ऋतो^३ ब्रह्मा^५ ॥ १० ॥ भेग्रह^१ युति वतशंकु^२ वित्रिभलग्नाद्रविग्रहोक्तसमः^६ । शशिनः^३ कर्मबहुत्वान्नकृतातो^४ भास्करग्रहणे^५ ॥ ११ ॥ आग्नेयी नैऋत्योर्दृष्टिदिने^३ स्थितस्य योऽर्कस्य । शंकुछाये कथयत्यब्दापि^४ वेत्ति सूर्यंशः^५ ॥ १२ ॥ अत्र मया यन्नोक्तं गोलादप्रै^४क्ष्यधिमतोह्य^३ तन्^४ । आर्यात्रयोदशोऽयं संज्ञाध्यायश्चतुर्विशः ॥ १३ ॥

१०. (घ) १. सहस्रेणः (ग) सहस्रेण for (सहस्रेण)
२. सिद्धंते (ग) सिद्धांतः (ङ) for (सिद्धान्ते) ३. कृतो (ग) (च) (ङ) for (ऋतो)
(ग) ४. ब्रह्माचार्येण for (ब्रह्माचार्येण) ५. ब्राह्मः for (ब्रह्मा)
(च) १. सहस्रेणः for (सहस्रेण), (ङ) ६. जिष्णोस्तनयेन for (जिष्णुतनयेन)
११. (घ) १. नग्रह for (भेग्रह) २. नांच्छंकु for (वतशंकु)
३. शशनः for (शशिनः) ४. बहुत्वन्ने for (बहुत्वान्न)
५. कृतोऽतो (ङ) for (कृतातो), (ग) ६. वित्रिभलग्नात् for (वित्रिभलग्नाद्)
(च) ५. बहुत्वान्नक्तोऽतो for (बहुत्वान्नकृतातो)
(ङ) २. वच्छंकु for (वतशङ्कु) ७. ग्रहोक्तिसमः for (ग्रहोक्तसमयः)
१२. (घ) १. आग्नेयीनैऋत्यो (ग) आग्नेयैनैऋत्यो for (आग्नेयीनैऋत्यो)
२. रुद्दिष्टदिने for (रुद्दिष्टदिने) ३. स्थितस्य योऽर्कस्व for (स्थितस्य योऽर्कस्य)
४. कथयत्या ... (ग) कथयत्यब्दादापि for (कथयत्यब्दापि)
५. सः (ग) (ङ) for (शः), (च) १. आग्नेये for (आग्नेयी)
६. नैऋत्ये for (नैऋत्यो) २. वेष्टदिने for (रुद्दिष्टदिने)
३. संस्थितस्य for (स्थितस्य) ४. कथयति वर्षादपि for (कथयत्यब्दापि)
१३. (घ) १. दत्प्रेक्ष्य (ग) दुष्प्रेक्ष्य for (गोलादप्रैक्ष्य)
२. आर्यात्रयोदशो (ग) आर्यात्रयोदशार्य for (आर्यात्रयोदशोऽयं)
३. चतुर्विशः (ग) for (चतुर्विशः)
(ग) ४. (वि०-यहाँ समाप्तिसूचक ॥छः॥ ॥छः॥ ॥छः॥ अंकित है)
(च) १. गोलादत्प्रेक्ष्य for (गोलादप्रैक्ष्य)
४. धीमती for (धिमतो) २. आर्यात्रयोदशोयं for (आर्यात्रयोदशोऽयं)
३. चतुर्विंशः (ङ) for (चतुर्विशः) (ङ) १. गोलादुत्प्रेक्ष्य for (गोलादप्रैक्ष्य)
४. धीमता for (धिमतो) ५. वोह्यम् for (ह्यं तन्)
(वि० + इति श्रीमदाचार्य जिष्णुसुतब्रह्मगुप्तविरचिते ब्राह्मस्फुटसिद्धान्ते
संज्ञाध्यायश्चतुर्विशतितमः सम्पूर्णातामगमत् +)