धनुर्वेद संहिता (महर्षि वसिष्ठ - प्राचीन भारतीय युद्धकला, धनुर्विद्या एवं अस्त्र-शास्त्र सटीक)

धनुर्वेद संहिता (महर्षि वसिष्ठ - प्राचीन भारतीय युद्धकला, धनुर्विद्या एवं अस्त्र-शास्त्र सटीक)
Dhanurveda Samhita of Maharshi Vasishtha with Commentary
महर्षि वसिष्ठ (टीकाकार: स्वामी हरिदयालु जी महाराज) द्वारा
DevanagariHindipublished76 पृष्ठ
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हिन्दीटीकासमेता ४९ जानने, इतने तथा और और व्यूह बनाकर सेनापति सदा चले, बलाध्यक्षादिकों को सब दिशाओं में नियुक्त करे॥५१॥५२॥ दण्डव्यूह सर्वतो भये दण्डव्यूहरचना कार्या । चारों ओर से जब घिर जावे तब दण्डव्यूह रचकर युद्ध करे। इनका चित्र आगे देखिये