कबीर मन्शूर (स्वसंवेदार्थ प्रकाश)
Kabir Manshoor (Svasamvedarth Prakash)
कबीर साहेब द्वारा
स्रोत: कबीर मन्शूर स्वसंवेदार्थ प्रकाश · खेमराज श्रीकृष्णदास (उद्गम)
पृष्ठ 366, कुल 1367 में से
संदर्भ में पढ़ेंजीवोंको नूहके भोजनको दिया और कहा कि, मनुष्यके रक्तका बदला लिया जावेगा, दूसरे जीवका नहीं। अपने समयका यह चिह्न दिया और नूहसे कहा। (३) आयत, मैं अपने धनुषको बदलीमें रखा है। वह मेरे तथा पृथ्वीके मध्य, प्रणका चिह्न होगा और ऐसा होगा कि, जब मैं पृथ्वीपर बादल लाऊँ तो मेरा धनुष बादलमें दिखाई देगा। (१५) मैं अपने प्रणको जो मेरे ओर तुम्हारे और प्रत्येक प्रकारके जीवोंमें है स्मरण करूँगा तूफानका जल फिर ऐसा न होगा कि सत्यानाश करे। (१६) कमान बादलमें होगी। मैं उपर वृष्टिपात करूँगा। जिसमें उस सदैवके प्रणको जो मेरे और पृथ्वीके समस्त जीवोंमें है स्मरण करूँ। (१७) निदान परमेश्वरने नूहसे कहा कि, यह उस प्रणका चिह्न है जिसको मैं अपने और पृथ्वीके समस्त जीवोंके मध्य स्थिर करता हूँ।
इसी प्रकार खुदाबन्द आदमके समान ही नूहको भी सब बतलाता रहा।
फिर देखो इसी किताबका (१८) बाब इबराहीमके साथ इसी प्रकार खुदाबन्द रहा। (१) फिर खुदाबन्द ममरीके बलूतोंमें उसे दिखलाई दिया। वह दिनके समय गरमीके दिनोंमें अपने खेमेंके द्वारपर बैठा था। (२) उसने अपनी दृष्टि उठाकर देखा। क्या देखता है कि, तीन आदमी उसके पास खड़े हैं। वह उन्हें देखकर खेमेंके द्वारसे उनसे मिलनेको भगा पृथ्वीपर्यंत उनके आगे झुकी। (३) वो बोला कि, ए खुदाबन्द ! यदि मुझपर दया है तो अपने सेवकके समीपसे न चले जाईये। (४) थोडासा पानी लाया जावे आप अपने पैर धोकर उस वृक्षके नीचे आराम कीजिये। (५) मैं थोडीसी रोटी लाता हूँ ताजा दम हो जाइये, इसके उपरान्त आगे जाइएगा। क्योंकि, आप इसीके निमित्त अपने सेवकके यहाँ आये हैं तब उन्होंने कहा कि, वैंसाही कर जैसा तूने कहा। (६) इबराहीम खेमेंमें सरःके पास दौडा गया और कहा कि, आटा लाकर शीघ्र गूँध, फुलके बना। (७) इब्राहीम पशुओंकी झुण्डकी ओर दौडा एक मोटा ताजा बकरा लाकर एक युवकको दिया, उसने उसको तैयार किया। फिर उसने घी दूध और उस बकरेको जो उसने पकवाया था लेकर उनके सामने रक्खा, आप उनके समीप वृक्षके नीचे खड़ा रहा और उन्होंने खाया।
ईसाई लोग अनुमान करते हैं कि, उन तीनों मनुष्योंमें दो फारिस्ते थे एक खुदाबन्द यहवाह जुलजलाल था।
जैसे खुदाबन्द इन साहबोंके साथ था उसी प्रकार मूसाके साथ रहा और मूसाको समस्त धर्म कर्म बतलाया। मूसाने बनी इसराईलको सब नियम सिखलाया। जिसमें बनीइसराईल इस नियम पर चले। इस नियमावालीका