भारतकोश
काव्यादर्श (महाकवि दण्डी - प्रसादिनी सान्वय हिन्दी व्याख्या सहित)

काव्यादर्श (महाकवि दण्डी - प्रसादिनी सान्वय हिन्दी व्याख्या सहित)

Kavyadarsha of Mahakavi Dandin with Prasadini Commentary

महाकवि दण्डी द्वारा

DevanagariHindipublished270 पृष्ठ

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२४२ काव्यादर्श ग्रन्थनाम पृष्ठाङ्क ग्रन्थनाम पृष्ठाङ्क नाट्यशास्त्र २-५,२०,२६,५०,६२, भोटपाठ १६५ ६४,६७,७८,८१, १५३,१५८,१६०, मनुस्मृति २१६,२२१ १६६,१६८,१७२,१७४,१७६,१८१, मन्दारमरन्दचम्पू १८३ १८६,१८२,१६५,१६७,१६८,२०६, महानारायणोपनिषद् ६३ २०७ महाभारत, गीताप्रेस संस्करण २०६ नादबिन्दूपनिषद् ६२ महाभाष्य ४०,१५८,१७५,१८० नारायणभट्ट १०६,१८६ मामन्दूर शिलालेख १४३ निरुक्त १६४ मेघदूत १८३ निरुक्तके पाँच अध्याय ७६,१२१,१२४ मेदिनीकोष ३,३६,४०,४४,४६,८४, निरुक्त-मीमांसा १७६ ६६,१७०,१७७ नीतिशतक १८२ मेधावी २२३ नृसिंहपुराण ११४ रघुवंश ५३ पाणिनीय शिक्षा १४३ रङ्गराज (रङ्गाचार्य रेड्डी, प्रभा) २५ पाशुपत ब्रह्मोपनिषद् ६१,६२ ५३,७७,१२८,१३४,१४३,१४६ प्रसादिनी ३५,६२,७१,६३,११७, रत्न-दर्पण १४,६०,७३,७५,८१,६७, ११६,१८६,२२३ १०६,१०८,१४०,१७४,२०७ प्राकृतपैङ्गल १०६ रत्नश्री २४,२५,४४,४६-४७,५३, प्रेमचन्द्र तर्कवागीश १४३,१४६ ५५,५६, ५८,६१,७०,७५,७७,७६, प्रेमचन्द्रशर्मा १२८ ८०, ८२, १०६,१०८, ११०,११५, बालप्रिया १६३ १२२,१२६,१३०,१३३,१३४,१४०, बृहदारण्यकोपनिषद् ५२ १४२,१४३,१४५,१५१,१५८,१६८, बृहद्देवता १२४ १७०,१७२,१७३,१७७,१७६,१८६, बृहद्देशी २०६ १६१,१६५,२०१ २०७,२०८ ब्रह्मसूत्र २२० रामाश्रमी १२१,१४५,१४६,२१६ भट्टिकाव्य ८१,८७-८८,११३ रेड्डीसंस्करण १५१ भरतका संगीतसिद्धान्त २०६ ललितविस्तर २११,२१२ भरतकोश २०६ लोचन १६२ भवतोषिणी २५,४१,६०.१०४,१७६ लोल्लट १६ भागुरि ४७,८४ वक्रोक्तिजीवित १५,१८ भावप्रकाश २०२ वनपर्व ११५ भीमसेन १६३ वाक्यपदीय ४०