भारतकोश
रसेन्द्रसारसंग्रह (गोपालकृष्ण - पं. रामप्रसाद वैद्य सविस्तार सान्वय हिन्दी टीका सहित)

रसेन्द्रसारसंग्रह (गोपालकृष्ण - पं. रामप्रसाद वैद्य सविस्तार सान्वय हिन्दी टीका सहित)

Rasendra Sara Sangraha of Gopalakrishna with Commentary

गोपालकृष्ण भट्ट (टीकाकार: पं. रामप्रसाद वैद्य) द्वारा

DevanagariHindipublished584 पृष्ठ

पृष्ठ 22, कुल 584 में से

संदर्भ में पढ़ें
पृष्ठ 22

( ८ ) रसेन्द्रसारसंग्रह- विषय. पृष्ठांक. | विषय. पृष्ठांक. कासांतक रस, कासकुठार रस ३१५ | भूतांकुश रस ३३५ श्रीचन्द्रामृत रस ३१६ | उन्मादभञ्जिनी रस ३३६ श्रीचन्द्रामृत रस ३१७ | त्रिकत्रयाद्य लोह ३३७ अमृतमञ्जरी• ३१८ | उन्मादभञ्जन रस ” कासान्तक रस, बृहच्छृङ्गाराभ्र ३१९ | चतुर्भुज रस, ३३८ नित्योदय रस ३२० | उन्मादपर्पटी रस ३३९ हिक्काश्वासाधिकार । | अपस्माररोगचिकित्सा । सूर्यावर्त्त रस, विजयवटी ३२२ | भूतभैरव रस, सूतभस्म प्रयोग ३४० लोहपर्पटी रस ३२३ | इन्द्रब्रह्मवटी ” ताम्रपर्पटी ३२४ | वातकुलांतक रस ३४१ पिपल्यादि लोह ३२५ | पाषाणवज्र रस ३४२ श्वासकुठार रस ” | वातव्याधिचिकित्सा । श्वासकासचिंतामणि रस ३२६ | द्विगुणाख्य रस ३४३ श्वासकुठार रस ” | वातगजांकुश ३४४ अन्य श्वासकुठार रस ” | बृहद्वातगजांकुश रस ३४५ स्वरभेदचिकित्सा । | महावातगजांकुश रस ३४६ भैरवरस ३२७ | वातनाशन रस ” चव्यादि चूर्ण ३२८ | वातारि रस ३४७ सुधानिधि रस, सुलोचनाभ्र ३२९ | अनिलारि रस, वातकंटक रस, ३४८ अरुचिघ्न रस ३३० | लघ्वानन्द रस, चिंतामणि रस ३५० छर्दिरोगचिकित्सा ३३१ | चतुर्मुख रस ५५१ तृष्णारोगचिकित्सा । | लक्ष्मीविलास रस ३५२ महोदधि रस ” | रोगेभसिंह, श्रीखण्डवटी ३५३ कुमुदेश्वर रस ३३२ | पिण्डी रस, कुब्जविनोद रस ३५४ मूर्च्छारोगचिकित्सा । | शीतवातलक्षण, शीतारि रस ३५५ सुधानिधि रस ३३२ | वातविध्वंसन रस ३५६ मदात्ययरोगचिकित्सा । | पलाशादि वटी, दशसार वटी ३५७ अष्टाङ्गलवण ३३३ | गगनादि वटी ३५८ दाहचिकित्सा ३३४ | सर्वाङ्गसुन्दर रस,तालेकश्वर रस ३५९ उन्मादरोगचिकित्सा । | महाराजेश्वर रस,वातकेसरी रस ३६० उन्मादगजांकुश रस ३३४ | त्रैलोक्यचिन्तामणि रस ३६१