ऋग्वेद संहिता (सरल हिन्दी भावार्थ सहित)
Rigveda Samhita with Hindi Translation
डा. गंगा सहाय शर्मा द्वारा
स्रोत: संस्कृत साहित्य प्रकाशन · संस्कृत साहित्य प्रकाशन (उद्गम)
पृष्ठ 155, कुल 1855 में से
संदर्भ में पढ़ें१८५. आदित्य व वरुण से जीवन रक्षा हेतु प्रार्थना १-३ रक्षार्थ प्रार्थना, दबाना असंभव, ज्योति देना १-३ १८६. जीवन को अमृतमय बनाने की वरुण से प्रार्थना १-३ दीर्घायु हेतु प्रार्थना, यज्ञ का आग्रह, अमृत याचना १-३ १८७. अग्नि से शत्रुओं से बचाने की प्रार्थना १-५ स्तुति, आना, रक्षा याचना, एक-एक कर देखना, रक्षार्थ प्रार्थना १-५ १८८. अग्नि से प्रार्थना १-३ ज्ञानी, स्तुति, रक्षा की प्रार्थना १-३ १८९. सूर्य की महिमा का वर्णन १-३ जाना, व्याप्त करना, शोभा पाना १-३ १९०. सृष्टिक्रम की उत्पत्ति का वर्णन १-३ तप से यज्ञ, सत्य, रात-दिन की उत्पत्ति, सागर, सवंत्सर, सूर्य, चंद्रमा, द्युलोक, पृथिवी व अंतरिक्ष की सृष्टि १-३ १९१. अग्नि से कल्याण एवं धन की प्रार्थना १-४ धन याचना, मिलकर भोगने का आग्रह, अभिमंत्रित करना, संगठित रहने का आग्रह १-४ ebook converter DEMO Watermarks*