भारतकोश
रूपमण्डन एवं देवमूर्त्ति-प्रकरणम् (मण्डन सूत्रधार - प्राचीन मूर्तिकला एवं देव-प्रतिमा लक्षण सटीक)

रूपमण्डन एवं देवमूर्त्ति-प्रकरणम् (मण्डन सूत्रधार - प्राचीन मूर्तिकला एवं देव-प्रतिमा लक्षण सटीक)

Rupamandanam and Devatamurti Prakaranam of Sutradhara Mandana

मण्डन सूत्रधार द्वारा

DevanagariHindipublished335 पृष्ठ

पृष्ठ 328, कुल 335 में से

संदर्भ में पढ़ें
पृष्ठ 328

देवतामूर्त्तिप्रकरणस्य शब्दसूची —:*:— शब्दाः पत्राङ्काः | शब्दाः पत्राङ्काः अक्षमाला ६१,६२,६६,९३,१०१,१४९ | कपाल ९९,१००,१०३,१४९ अक्षसूत्र ५९,६१,६२,६४,९९,१००,१०१, | कपालिन् ९९ १०२,१०३,१०४,१३७,१४०,१४१, | कमण्डलु ५९,६१,६३,६५,७१,७२,८९ १४४,१४५,१४६ | ९४,१०२,१०३,१४४,१४५,१४६,१६१ अघोर ९८ | कला ४४ अङ्कुश ६१,६४,७१,९४,१०३,१०४,१३७, | कल्पान्त १६८ १३८,१३९,१४० | कार्त्तिकेय १९२ अङ्गार ६९ | कालिका ४७ अङ्गुष्ठ १६५ | कांस्य १० अण्डज ५१ | किन्नर १३९ अतसी ९८ | कुक्कुट ७२ अनिरुद्ध ७९,८० | कुण्डल ९७,९८,१००,१०१,१४७ अनुलेपन ९७,९८ | कुण्डिका ९९ नान्तरीयक ८० | कुमार १०१ अपसव्य ६४,६९,९६,१४७,१५१,१५२ | कृष्णाजिन ८९,१६१ अभय ९७,९९ | केतुसंस्थान ६७ अर्धनारीश्वर १०० | केयूर ७१,१०२ अष्टलोह २१,१०५ | कैरव २३ आमलकी ७८ | कोल्हापुर १६४ उपवीत ८९ | क्रूर ११८ उमा १००,१४४ | क्षिप्रगणाधिपं १६० उल्का २६ | क्षेत्रपाल १५६ उष्णीष ९८ | खट्वाङ्ग ९९,१००,१०२,१०३,१०४ ऋण ११७ | खड्ग ९८,९९,१०३,१०४ ऋज १९७ | खर्वट १९३ कटिसूत्र ९८ | खात १२४ कन्द १२४ | खेद ९४