भारतकोश
समझ से प्राप्त ब्रह्मचर्य

समझ से प्राप्त ब्रह्मचर्य

Samaj Se Prapt Brahmacharya

दादा भगवान द्वारा

स्रोत: दादा भगवान आराधना ट्रस्ट, 'दादा दर्शन', उस्मानपुरा, अहमदाबाद · दादा भगवान आराधना ट्रस्ट · 2005 (उद्गम)

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मूल गुजराती शब्दों के समानार्थी शब्द

हूँफ़ : अवलंबन, सलामती

निर्जरा : आत्म प्रदेश में से कर्मों का अलग होना

गलन : डिस्चार्ज होना, खाली होना

पुद्गल : जो पूर्ण और गलन होता है

गलगलिया : वृत्तियों को गुदगुदी होना, मन में मीठा लगना

निकाल : निपटारा

अटकण : जो बंधनरूप हो जाए, आगे नहीं बढ़ने दे

अरीसा : दर्पण

पूर्णण : चार्ज होना, भरना

उणोदरी : जितनी भूख लगे उससे आधा भोजन खाना

तरंगें : शेखचिल्ली जैसी कल्पनाएँ

उपाधि : बाहर से आनेवाला दुःख

निकाल : निपटारा

अणहक्क : बिना हक का, अवैध

भोगवटा : सुख या दुःख का असर

ऊपरी : बाँस, वरिष्ठ मालिक

तरछोड़ : तिरस्कार सहित दुत्कारना

राजीपा : गुरुजनों की कृपा और प्रसन्नता

चोविहार : सूर्यास्त से पहले भोजन करना

आश्रव : कर्म में उदय की शुरुआत, उदय कर्म में तन्मयाकार होना