सम्पूर्ण चिकित्सा

सम्पूर्ण चिकित्सा
Sampoorna Chikitsa
राजीव दीक्षित / रोबिन बसराना (ऋषि वाग्भट्ट अष्टांगह्रदयम् आधारित) द्वारा
स्रोत: Hindi Ayurvedic Chikitsa based on Ashtanga Hridayam · Swadeshi Robin Basrana · 2018 (उद्गम)
DevanagariHindipublished115 पृष्ठ
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आहार के साथ बिना उचित मात्रा में श्रम, व्यायाम किए स्वस्थ सुझौल बनना नामुमकिन हैं।
❖ जनरल टॉनिक
- ➤ अर्जुनारिष्ट, बलारिष्ट, अंगूरसव, अश्वगंधारिष्ट तथा दशमूलारिष्ट-प्रत्येक 500-500 मिली. लौह भस्म, अश्वक भस्म तथा शुद्ध शिलाजीत 10-10- ग्राम
- ➤ सभी आसव अरिष्ट एक में मिलाकर उसमें दोनों भस्म व शिलाजीत अच्छी तरह घोल दें। इसे 2 से 4 चम्मच दिन में दो बार बराबर पानी मिलाकर लेना चाहिए।
यह बढ़िया जनरल टॉनिक हैं। इससे शारीरिक और मानसिक शक्ति बढ़ती है। थकावट, आलस्य, कमजोरी दूर होकर चुस्ती-फुर्ती व अच्छी नींद आती है।
- ➤ सफेद मूसली और असगंध समान मात्रा में लेकर कपड़छन चूर्ण बनाएं तथा एक छोटी चम्मच की मात्रा में दूध के साथ सेवन करें। इससे मांस और बल दोनों की वृद्धि होती है।
- ➤ असगंध का चूर्ण सबेर-शाम 1-1 चम्मच की मात्रा में शहद में मिलाकर चाटने तथा साथ में एक पाव मिश्री मिला गर्म दूध पीते रहने से शरीर का दुबलापन मिटता है।
- ➤ शतावरी, छिलका रहित कौंच के बीज, सफेद मूसली, असगंध, गोखरू- सभी 100-100 ग्राम।
सभी चीजों को अलग-अलग कूट-पीसकर कपड़छन चूर्ण करके मिलाकर रख लें। यह चूर्ण सबेर-शाम खाली पेट थोड़े देशी घी में 5-5 ग्राम मिलाकर सेवन करें। चाहें तो एक पाव मिश्री मिला गुनगुना दूध पी सकते हैं। शाम वाली खुराक चाहें तो रात में सोने से आधा घण्टे पूर्व भी सेवन कर सकते हैं। अलबत्ता, भोजन किये हुए कम से कम दो घण्टे अवश्य बीत गए हों।
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