वैदिक शिक्षा पद्धति एवं गुरुकुल व्यवस्था (डॉ. भास्कर मिश्र - राष्ट्रीय वेद विद्या प्रतिष्ठान)
Vaidik Shiksha Paddhati and Gurukul System
डॉ. भास्कर मिश्र द्वारा
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संदर्भ में पढ़ेंDigitized by Arya Samaj Foundation Chennai and eGangotri xx ४. वेदों की शाखाएँ। ८४ ५. संहिताएँ :- ९९ अ. ऋग्वेद ९९ ब. यजुर्वेद १३५ स. सामवेद १५१ द. अथर्ववेद १६२ तृतीय खण्ड – परिशीलन तृतीय अध्याय – ऋग्वेद में राष्ट्रीयएकता एवं अखण्डता का अनुशीलन १८२ १. ऋग्वेद में निरूपित राष्ट्रीयएकता एवं अखण्डता के आधार तत्त्व। १८२ २. राष्ट्रीयएकता एवं अखण्डता के परिप्रेक्ष्य में ऋग्वैदिक समाजदर्शन का अनुशीलन। १८८ ३. राष्ट्रीयएकता एवं अखण्डतां के परिप्रेक्ष्य में ऋग्वैदिक राजदर्शन का अनुशीलन। १९४ ४. राष्ट्रीयएकता एवं अखण्डता के परिप्रेक्ष्य में ऋग्वैदिक धर्मदर्शन का अनुशीलन। १९८ ५. राष्ट्रीयएकता एवं अखण्डता के परिप्रेक्ष्य में ऋग्वैदिक आचारदर्शन, शिक्षादर्शन एवं अर्थदर्शन का अनुशीलन। २०२ ६. राष्ट्रीयएकता एवं अखण्डता को ऋग्वेद का प्रदेय। २०६ चतुर्थ अध्याय – यजुर्वेद में राष्ट्रीयएकता एवं अखण्डता का अनुशीलन २०८ १. यजुर्वेद में निरूपित राष्ट्रीयएकता एवं अखण्डता के आधार तत्त्व। २०८ २. राष्ट्रीयएकता एवं अखण्डता के परिप्रेक्ष्य में यजुर्वेद के समाजदर्शन का अनुशीलन। २१० ३. राष्ट्रीयएकता एवं अखण्डता के परिप्रेक्ष्य में यजुर्वेद के राजदर्शन का अनुशीलन। २१५ ४. राष्ट्रीयएकता एवं अखण्डता के परिप्रेक्ष्य में यजुर्वेद के धर्मदर्शन का अनुशीलन। २१९ ५. राष्ट्रीयएकता एवं अखण्डता के परिप्रेक्ष्य में यजुर्वेद के आचारदर्शन, शिक्षादर्शन एवं अर्थदर्शन का अनुशीलन। २२० ६. राष्ट्रीयएकता एवं अखण्डता को यजुर्वेद का प्रदेय। २२६ CC-0. Gurukul Kangri Collection, Haridwar