वैदिक शिक्षा पद्धति एवं गुरुकुल व्यवस्था (डॉ. भास्कर मिश्र - राष्ट्रीय वेद विद्या प्रतिष्ठान)
Vaidik Shiksha Paddhati and Gurukul System
डॉ. भास्कर मिश्र द्वारा
पृष्ठ 352, कुल 353 में से
संदर्भ में पढ़ेंDigitized by Arya Samaj Foundation Chennai and eGangotri GURUKUL KANGRI LIBRARY Signature Date Acces. 4/11/14 Class 24/11/04 Cat N Tag etc: 24/11/014 E.A.R. Recomm. : Donation Data Entry 19/11/14 Checked
लेखक-परिचय डा. भास्कर मिश्र का जन्म राजस्थान की राजधानी जयपुर में हुआ। आप देश के प्रतिष्ठित, मूर्धन्य विद्वान् डा. मण्डन मिश्र के ज्येष्ठ पुत्र हैं। आपने साहित्याचार्य, एम. ए. (संस्कृत), एम.एड्., विद्यावारिधि, डी. लिट्. उपाधियाँ प्राप्त कीं। डा. मिश्र ने हरियाणा संस्कृत विद्यापीठ, बघोला (हरियाणा) में प्राध्यापक के रूप में अध्यापन कार्य प्रारम्भ किया तथा श्री रणवीर केन्द्रीय संस्कृत विद्यापीठ, जम्मू में प्रशिक्षण विभागाध्यक्ष का दायित्व निर्वहण करते हुए वर्तमान में आप श्री लाल बहादुर शास्त्री राष्ट्रिय संस्कृत विद्यापीठ, नई दिल्ली में आधुनिक ज्ञान-विज्ञान संकाय में प्रोफेसर के पद पर प्रतिष्ठित हैं। अध्यापन के साथ अनुसंधान के क्षेत्र में आपका सराहनीय योगदान है। आपने विश्व संस्कृत सम्मेलन, नई दिल्ली, वर्ष 2001 में आयोजित शिक्षा-सत्र का संयोजन किया। आपने अनेक उच्च कोटि के ग्रन्थों का प्रणयन किया है। आप द्वारा विरचित ग्रन्थ एक नवीन एवं आधुनिक विश्लेष्णात्मक दृष्टि का सूत्रपात करते हैं। ग्रन्थ सूची : चतुर्भुजमिश्रविरचितरसकल्पद्रुम का समीक्षात्मक सम्पादन और भाषानुवाद, वैदिक शिक्षा मीमांसा, विद्यालय प्रशासन, शिक्षा एवं संस्कृति - नए संदर्भ, शिक्षक और समाज। CC-0. Gurukul Kangri Collection, Haridwar