भारतकोश
अनुगीता (महाभारत आश्वमेधिक पर्व - श्रीकृष्ण-अर्जुन संवाद सटीक)

अनुगीता (महाभारत आश्वमेधिक पर्व - श्रीकृष्ण-अर्जुन संवाद सटीक)

Anugita from Mahabharata Ashvamedhika Parva with Commentary

भगवान् श्रीकृष्ण / महर्षि वेदव्यास द्वारा

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रखना, सत्य बोलना और न्यायोपार्जित वस्तुका श्रद्धापूर्वक दान करना—इनमेंसे एक-एक गुण बड़े-बड़े यज्ञोंके समान हैं॥ १२०॥ इति श्रीमहाभारते आश्वमेधिके पर्वणि अनुगीतापर्वणि नकुलाख्याने नवतितमोऽध्यायः॥ ९०॥ इस प्रकार श्रीमहाभारत आश्वमेधिकपर्वके अन्तर्गत अनुगीतापर्वमें नकुलोपाख्यानविषयक नब्बेवाँ अध्याय पूरा हुआ॥ ९०॥