ब्राह्मस्फुटसिद्धान्त (ब्रह्मगुप्त - शून्य, कुट्टक, बीजगणित एवं सम्पूर्ण २१ अध्याय सान्वय सटीक)

ब्राह्मस्फुटसिद्धान्त (ब्रह्मगुप्त - शून्य, कुट्टक, बीजगणित एवं सम्पूर्ण २१ अध्याय सान्वय सटीक)
Brahmasphuta Siddhanta of Brahmagupta with Commentary
आचार्य ब्रह्मगुप्त द्वारा
DevanagariHindipublished737 पृष्ठ
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( ८५ ) ग्रहाभास्करांतरेः¹ प्राक् पश्चादर्कैर्³ग्रहान्तरैर्यस्मात् । स्वांशैर्⁴दृश्या⁵ दृश्यस्तस्माद्वक्ष्ये² तदानयनम् ॥ १ ॥ प्रागूनभुक्तिरूनो दृश्ये³ दृश्यो रविरधिकभुक्तिः । पश्चाद्दृश्यो⁴ऽधिकगतिरधिको दृश्यो⁵ ग्रहो ऽल्पगतिः² ॥ २ ॥ विक्षेपसत्रिराशिकिक्रान्तिवधो व्यासदलहृतो³ लिप्ताः । शोध्यास्तयोः समदृशोर्य⁴दन्यदिशो गृहे² क्षेपाः ५ ॥ ३ ॥
१. (घ) १. ग्रहभास्करान्तरैः (ग) ग्रहभास्करांतरैः for (ग्रहाभास्करांतरेः)
(ग) २. वक्षे for (वक्ष्ये)
(क) यह श्लोक उपलब्ध नहीं है ।
(च) १. ग्रहभास्करांतरैः for (ग्रहाभास्करांतरेः) ३ प्राक् पश्चादर्कैर्ग्रहांतरै for
(प्राक् पश्चादर्कग्रहांत रै)
४. स्वाशै for (स्वांशै) ५. दृश्या for (र्दृश्या)
२. (घ) १. रवेरधिकभुक्तिः (च) for (रविरधिकभुक्तिः)
२. गति (च) for (गतिः)
(ग) ३. दृश्योश्यो for (दृश्येदृश्यो)
४. पश्चाद्रिश्योरधिक for (पश्चाद्दृश्योऽधिक)
(क) यह श्लोक उपलब्ध नहीं है ।
(च) ५. हंश्यो for (दृश्यो)
३. (घ) १. यंद्यन्यदिशो (ग) (च) for (र्यदन्यदिशो)
२. ग्रंहे (ग) for (गृहे)
(ग) ३. हतो for (हृतो)
४. समद्दिशो (च) for (समदृशो)
(क) यह श्लोक उपलब्ध नहीं है ।
(च) ५. क्षेप्याः for (क्षेपाः)