गीतगोविन्दम् (महाकवि जयदेव - सम्पूर्ण १२ सर्ग व २४ अष्टपदी सटीक)

गीतगोविन्दम् (महाकवि जयदेव - सम्पूर्ण १२ सर्ग व २४ अष्टपदी सटीक)
Gita Govinda of Jayadeva with Hindi Commentary
महाकवि जयदेव / पं. रामचन्द्र मिश्र द्वारा
DevanagariSanskritpublished448 पृष्ठ
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[अ] विषय—सूची सर्ग पृष्ठ प्रथम — सामोद-दामोदरः १ द्वितीय — अक्लेश केशवः ९१ तृतीय — मुग्ध मधुसूदनः १२५ चतुर्थ — स्निग्ध-मधुसूदनः १५१ पञ्चम — सकांक्ष-पुण्डरीकाक्षः १८१ षष्ठ — धृष्ट-वैकुण्ठः २०९ सप्तम — नागर-नारायणः २२३ अष्टम — विलक्ष-लक्ष्मीपतिः २७२ नवम — मुग्ध-मुकुन्दः २९० दशम — मुग्ध-माधवः ३०४ एकादश— स्वानन्द-गोविन्दः ३३० द्वादश — सुप्रीत-पीताम्बरः ३७५