भारतकोश
हारीत संहिता (महर्षि आत्रेय-हारीत मुनि संवाद - सम्पूर्ण ६ स्थान सटीक)

हारीत संहिता (महर्षि आत्रेय-हारीत मुनि संवाद - सम्पूर्ण ६ स्थान सटीक)

Harita Samhita of Sage Harita with Hindi Commentary

महर्षि हारीत / आत्रेय मुनि द्वारा

DevanagariHindipublished548 पृष्ठ

पृष्ठ 300, कुल 548 में से

संदर्भ में पढ़ें
पृष्ठ 300

( २६८ ) हारीतसंहिता । [ तृतीयस्थाने- अस्थिक्षयमें अतिमन्द चेष्टा हो, वीर्यमन्द हो जावे, मोटापा नाश हो जावे, संज्ञा नहीं रहे, माडा- पन हो, कंपना रहे, अंगभंग हो, वमन हो, कठोरता हो ॥ २२ ॥ और शोष हो वातआदिक दोषोंकी शिथिलता हो, शोजा हो, कंपना हो, रूक्षता हो और मज्जाके क्षयमें भी यही अस्थिक्ष- यके लक्षण होते हैं, केवल इसमें कंपनता अधिक होती है ॥ २३ ॥ अथ वीर्यक्षयका लक्षण । भ्रमः क्लमः स्यादतिमन्दचेष्टः शोफो निशाजागरणं च तन्द्रा ॥ मन्दज्वरः शोषसमो मनुष्ये शुक्रक्षये चाङ्गविचेष्टितानि ॥ २४ ॥ रौक्ष्यं रमणीद्वेषः रोषः शोफो भ्रमिश्च कम्पनता ॥ विरूपता वैकल्यं सन्धिषु शोषस्तथा याति ॥ २५ ॥ भ्रम हो, ग्लानि हो, मन्दचेष्टा हो, शोजा हो, रात्रिमें निद्रा नहीं आवे, तन्द्रा रहे, मन्दज्वर हो, शोष हो ये लक्षण हैं, और मनुष्यके वीर्यक्षय होनेमें अंग बेचैनीसे हिला करें ॥ २४ ॥ रूखापन, स्त्रियोंसे द्वेष, क्रोध, सूजन, भ्रम और कँपकपी, कुरूपता, विकलता और सन्धियोंमें सूजन वीर्यके क्षयमें होती है ॥ २५ ॥ अथ रसरक्तवृद्धिकारक औषध । इदानीं संप्रवक्ष्यामि भेषजानि यथाक्रमम् ॥ स्नेहनं रूक्षणं चैव तथा विम्लापनं हितम् ॥ २६ ॥ जाङ्ग्लानि च मांसानि भोज- नानि च सेवेयेत् ॥ गुडूची शृङ्गवेरञ्च यवानीकथितं जलम् ॥ २७ ॥ मरिचः कथितं दुग्धं पाने रात्रौ प्रशस्यते ॥ तेन रसानां वृद्धिः स्याच्छीघ्रं तस्माद्विमुच्यते ॥ २८ ॥ रसानां वृद्धिकरणं गोधूमयवशालिनाम् ॥ कथितानि भिषक्श्रेष्ठैर्जाङ्ग- लानि विशेषतः ॥ २९ ॥ अब यथाक्रमसे औषधोंको कहते हैं कि स्नेहन, रूक्षण, विम्लापन ये कर्म करने हित हैं ॥ २६ ॥ और जांगलदेशके जीवोंका मांस भोजनमें हित है और गिलोय, अदरख, अजवायन इनके क्वाथका जल हित है ॥ २७ ॥ मिरचोंमें पकाया हुआ दूध रात्रिमें पीना हित है इससे रसोंकी वृद्धि होती है और शीघ्रही क्षयरोगसे छूट जाते हैं ॥ २८ ॥ गेहूँ, जव, शालिसंज्ञक चावल, जांगलदेशके जीवोंका मांस ये रसके बढ़ानेवाले और वैद्योंकरके श्रेष्ठ कहे गये हैं ॥ २९ ॥ Nepal Sanskrit University, Balmeeki Campus, Kathmandu