भारतकोश
ऋग्वेद संहिता (सरल हिन्दी भावार्थ सहित)

ऋग्वेद संहिता (सरल हिन्दी भावार्थ सहित)

Rigveda Samhita with Hindi Translation

डा. गंगा सहाय शर्मा द्वारा

स्रोत: संस्कृत साहित्य प्रकाशन · संस्कृत साहित्य प्रकाशन (उद्गम)

DevanagariSanskritpublished1,855 पृष्ठ

पृष्ठ 127, कुल 1855 में से

संदर्भ में पढ़ें
पृष्ठ 127

७४. सोम का वर्णन एवं स्तुति १-९ रोना, धारक, मार्ग विस्तृत होना, अमृत उत्पत्ति, शब्द करना १-५ अमृत भरना, उज्ज्वल करना, लांघना, पुत्र प्राप्ति, दौड़ना ६-९ ७५. सोम का वर्णन १-५ टपकना, अजेय, सुशोभित होना, गिरना, प्रेरणा हेतु प्रार्थना १-५ ७६. सोम का वर्णन एवं स्तुति १-५ टपकना, आयुध, अन्नदाता, सोम का कर्म, प्रवेश १-५ ७७. सोम का वर्णन १-५ जाना, मिलना, दर्शनीय, गर्भधारण करना, इधर-उधर जाना १-५ ७८. सोम का वर्णन एवं स्तुति १-५ जाना, स्थित होना, बढ़ाना, पवित्र करना, शुद्ध होना, १-५ ७९. सोम का वर्णन एवं स्तुति १-५ हरितवर्ण, मद टपकाने वाले, शत्रुनाशक, रस निकालना, सोम १-५ ८०. सोम की स्तुति एवं वर्णन १-५ चमकना, प्रशंसा, बढ़ाना, दुहना, जाना १-५ ८१. सोम का वर्णन १-५ उन्मत्त होना, व्याप्त करना, धनी सोम, आह्वान १-५ ८२. सोम का वर्णन एवं स्तुति १-५ दर्शनीय, पूजनीय, मेघपुत्र, सुखदाता, जल का सोम से मिलना १-५ ८३. सोम का वर्णन व स्तुति १-५ विस्तृत, सोमकिरणों का स्थिर होना, पुष्ट करना, जकड़ना, अन्न जीतना १-५ ८४. सोम का वर्णन १-५ विशेषद्रष्टा, व्याप्त होना, प्रसन्न करना, जाना १-५ ebook converter DEMO Watermarks*