भारतकोश
ऋग्वेद संहिता (सरल हिन्दी भावार्थ सहित)

ऋग्वेद संहिता (सरल हिन्दी भावार्थ सहित)

Rigveda Samhita with Hindi Translation

डा. गंगा सहाय शर्मा द्वारा

स्रोत: संस्कृत साहित्य प्रकाशन · संस्कृत साहित्य प्रकाशन (उद्गम)

DevanagariSanskritpublished1,855 पृष्ठ

पृष्ठ 1650, कुल 1855 में से

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पृष्ठ 1650

हे सोमरस के योग्य देवो! तुम रथों में घोड़ों को जोड़ो, लगामें साफ करो एवं घोड़ों को सजाओ. तुम सारथि के बैठने वाले आठ स्थानों से युक्त रथ को सूर्य के साथ यज्ञ में लाओ. इसी रथ के द्वारा देवगण यज्ञ में आते हैं. (७) अश्मन्वती रीयते सं रभध्वमुत्तिष्ठत प्र तरता सखायः. अत्रा जहाम ये असन्नशेवाः शिवान्वयमुत्तरेमाभि वाजान्.. (८) अश्मन्वती नामक नदी बह रही है. यज्ञ में आने के लिए इस नदी को पार करने हेतु उठो और इसे पार कर जाओ. हे मित्र बने हुए देवो! हम असुख को त्याग कर नदी पार करें और सुखकर अन्नों को पावें. (८) त्वष्टा माया वेदपसामपस्तमो बिभ्रत्पात्रा देवपानानि शन्तमा. शिशीते नूनं परशुं स्वायसं येन वृश्चादेतशो ब्रह्मणस्पतिः.. (९) त्वष्टा पात्र बनाना जानते हैं. अतिशय शोभन कर्म वाले त्वष्टा देवों के पानकर्म में प्रयुक्त सोमपात्रों को धारण करते हैं. वे उत्तम लोहे से बने हुए कुठार को तेज करते हैं. ब्रह्मणस्पति त्वष्टा उसी कुठार से लकड़ी काटते हैं. (९) सतो नूनं कवयः सं शिशीत वाशीभिर्याभिरमृताय तक्षथ. विद्वांसः पदा गुह्यानि कर्तन येन देवासो अमृतत्व मानशुः.. (१०) हे मेधावियो! उस कुठार को तेज करो, जिसके द्वारा सोमपान के लिए पात्र बनाए जाते हैं. हे विद्वानो! तुम ऐसा गुप्त निवासस्थान बनाओ, जिसके कारण देवों ने अमरत्व प्राप्त किया. (१०) गर्भे योषामदधुर्वत्समासन्यपीच्येन मनसोत जिह्वया. स विश्वाहा सुमना योग्या अभि सिषासनिवर्नते कार इज्जितिम्.. (११) उन ऋभुओं ने मरी हुई गाय के चमड़े में किसी गाय को धारण किया तथा उस मरी हुई गाय के मुख में बछड़े को रखा. यह कार्य उन्होंने देवत्व की कामना करने वाले मन के द्वारा किया. आवश्यकरूप से सभी दिवसों में उत्तम स्तुतियां ग्रहण करने वाले ऋभुगण शत्रुओं को जीतते हैं. (११) सूक्त—५४ देवता—इंद्र तां सु ते कीर्तिं मघवन्महित्वा यत्त्वा भीते रोदसी अह्वयेताम्. प्रावो देवाँ अतिरो दासमोजः प्रजायै त्वस्यै यदशिक्ष इन्द्र.. (१) हे धनस्वामी इंद्र! मैं तुम्हारे महत्त्व के कारण आई हुई शोभन कीर्ति का वर्णन करता हूं. ebook converter DEMO Watermarks*