भारतकोश
ऋग्वेद संहिता (सरल हिन्दी भावार्थ सहित)

ऋग्वेद संहिता (सरल हिन्दी भावार्थ सहित)

Rigveda Samhita with Hindi Translation

डा. गंगा सहाय शर्मा द्वारा

स्रोत: संस्कृत साहित्य प्रकाशन · संस्कृत साहित्य प्रकाशन (उद्गम)

DevanagariSanskritpublished1,855 पृष्ठ

पृष्ठ 23, कुल 1855 में से

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पृष्ठ 23

पश्चिम में तेज ९ पक्षियों की हिंसा १० तेज का विस्तार, धन व सौभाग्य मांगना ११-१५ धन व ज्योति मिलना, आरोग्य व सुखदाता १६-१८ ९३. अग्नि एवं सोम की स्तुति १-१२ सुख, गाएं, अश्व, पुत्र-पौत्र की याचना १-३ उपकारी सूर्य ४ नक्षत्र धारण व धरती का विस्तार १-६ अन्न भक्षण, पाप से बचाने की प्रार्थना ७-८ अन्य देवों से अधिक प्रसिद्धि ९ धन मांगना १०-१२ ९४. अग्नि की स्तुति १-१६ कल्याण, ईंधन बटोरना, महान्, पुरोहित, अंधकारनाशक, हिंसा से बचाने की प्रार्थना, वन घेरना, पक्षियों का डरना, संपत्तियों में निवास, आहूत १-१४ समृद्ध बनाना, आयुवृद्धि की कामना १५-१६ ९५. अग्नि का वर्णन १-११ रात-दिन के पुत्र, यशस्वी, व्यापक, ऋतुविभाजक, जल उत्पत्ति का कारण, धरती व आकाश का डरना १-५ बलों का स्वामी, किरण के समान, अन्न व धन की प्राप्ति ६-११ ९६. अग्नि का वर्णन १-९ वायु व जल १ धारण करना २-७ धन व अन्न की कामना ८-९ ebook converter DEMO Watermarks*

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