भारतकोश
ऋग्वेद संहिता (सरल हिन्दी भावार्थ सहित)

ऋग्वेद संहिता (सरल हिन्दी भावार्थ सहित)

Rigveda Samhita with Hindi Translation

डा. गंगा सहाय शर्मा द्वारा

स्रोत: संस्कृत साहित्य प्रकाशन · संस्कृत साहित्य प्रकाशन (उद्गम)

DevanagariSanskritpublished1,855 पृष्ठ

पृष्ठ 982, कुल 1855 में से

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हमारे स्तुतियां सुनकर प्रातः जागने वाले अग्नि, पर्वत एवं सविता हमें जल के साथ अन्न दें. विश्वेदेव ओषधियों के साथ हमें वही अन्न दें. अधिक बुद्धि वाले भग नामक देव हमें धन की प्रेरणा दें. (१४) नू नो रयिं रथ्यं चर्षणिप्रां पुरुवीरं मह ऋतस्य गोपाम्. क्षयं दाताजरं येन जनान्त्स्पृधो अदेवीरभि च क्रमाम विश आदेवीर्ऋभ्य१ श्रवाम.. (१५) हे विश्वेदेव! तुम हमें रथयुक्त अनेक प्रजाओं को पूर्ण करने वाला अनेक पुत्रों सहित क्षयरहित एवं महान् यज्ञ का साधन धन अन्न एवं घर दो. इसके द्वारा हम देवयज्ञ न करने वाले शत्रुओं को पराजित करें एवं देवयज्ञ करने वालों को सहारा दें. (१५) सूक्त—५० देवता—विश्वेदेव हुवे वो देवीमदितिं नमोभिर्मृळीकाय वरुणं मित्रमग्निम्. अभिक्षदामर्यमणं सुशेवं त्रातृन्देवान्त्सवितारं भगं च.. (१) हे देवो! मैं सुख पाने की इच्छा से स्तुतियों के द्वारा अदिति, वरुण, मित्र, अग्नि, शत्रुहंता एवं सेवायोग्य अर्यमा, सविता, भग एवं रक्षा करने वाले सभी देवों को बुलाता हूं. (१) सुज्योतिषः सूर्य दक्षपितॄननागास्त्वे सुमहो वीहि देवान्. द्विजन्मानो य ऋतसापः सत्याः स्वर्वन्तो यजता अग्निजिह्वाः.. (२) हे शोभनदीप्ति वाले सूर्य! दक्ष से उत्पन्न एवं सुंदर प्रकाश वाले देवों को हमारे अनुकूल बनाओ. वे देव दो जन्म वाले, यज्ञ को प्यार करने वाले, सत्य बोलने वाले, धनसंपन्न, यज्ञ के पात्र एवं अग्निजिह्व हैं. (२) उत द्यावापृथिवी क्षत्रमुरु बृहद्रोदसी शरणं सुषुम्ने. महस्करथो वरिवो यथा नोऽस्मे क्षयाय धिषणे अनेहः.. (३) हे स्वर्ग और धरती! तुम हमें अधिक बल दो. हे स्वर्ग एवं धरती! हमारे उत्तम सुख के लिए हमें बड़ा घर दो. ऐसा प्रयत्न करो, जिससे हमारे पास विशाल संपत्ति हो जाए. हे धारणशील धरतीस्वर्ग! हमें पापरहित बनाने के लिए घर दो. (३) आ नो रुद्रस्य सूनवो नमन्तामद्या हूतासो वसवोऽधृष्टाः. यदीमर्भे महति वा हितासो बाधे मरुतो अह्वाम देवान्.. (४) हे निवासस्थान देने वाले एवं पराजित न होने वाले रुद्रपुत्र मरुद्गण! इस समय बुलाने पर तुम हमारे पास आओ. वे युद्ध में महान् सुख देने वाले हैं. इस कारण हम उन्हें बुलाते हैं. ebook converter DEMO Watermarks*

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