संक्षिप्त योगवासिष्ठ

संक्षिप्त योगवासिष्ठ
Sankshipt Yoga Vasistha
महर्षि वाल्मीकि द्वारा
DevanagariHindipublished750 पृष्ठ
पृष्ठ 592, कुल 750 में से
संदर्भ में पढ़ेंपृष्ठ 592
कल्याण
शेषनागपर भगवान् विष्णु, स्वर्गमें इन्द्र और पातालमें प्रह्लाद
(उपशम-प्रकरण, सर्ग ४०)