श्री गुरु गीता (स्कन्द पुराण - उमा-महेश्वर संवाद सान्वय सटीक)
Shri Guru Gita from Skanda Purana with Hindi Commentary
भगवान् शिव / महर्षि वेदव्यास / डॉ. मोतीलाल खद्दर शास्त्री द्वारा
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संदर्भ में पढ़ेंज्योतिर्मठ अवान्तर भानपुरा पीठ जगद्गुरु शङ्कराचार्य मठ भानपुरा पो. भानपुरा जिला-मन्दसौर पिन-458775 ( म.प्र. ) स्वस्ति डॉ. मोतीलाल खड्डर शास्त्री ( मास्टर जी ) नारायणात्मक शुभाशीष आपके द्वारा भेजा हुआ पत्र एवं सन्देश प्राप्त हुआ संशोधित विचार एवं लेख गुरुचरणानुरागियों, साधकों, पाठकों तथा आध्यात्मिक लक्ष्य व लक्षणों की लक्षणावृत्ति में बहुत ही सहायक लघुकाय ग्रन्थ भाषानुवाद सिद्ध होगा। अनन्त श्री विभूषित श्रीमद् श्री पीताम्बरा पीठाधीश्वर श्री स्वामी जी महाराज की अनुकम्पा अहेतुकृपा अनुग्रह साधक शिक्षा दीक्षा के रूप में मुझे 1968 से 1979 तक साक्षात् रहा और है। हम श्री पीताम्बरा पीठ दतिया एवं पीठ विद्वानों, साधको, अनुयायियों तथा सेवकों, न्यासियों को हृदय से सस्नेह शुभाशीष प्रदान करता हूँ, अनवरत। गीत छन्द दोहा कवित्व हरि विनु अक्षर जेह। ज्ञानानन्द व्यर्थ प्राण विनु नख शिख सुन्दर देह॥ शुभेच्छु वैशाख शुक्ल दशमी 2076/14.05.19 स्वामी ज्ञानानन्द तीर्थ 9406607636 जगदगुरु शङ्कराचार्य ज्योतिर्मठ अवान्तर भानपुरा पीठ पोस्ट-भानपुरा जिला-मन्दसौर-458775 ( म.प्र. ) ( 6 )