श्रीमद्भागवत महापुराण
Shrimad Bhagavata Mahapurana
महर्षि वेदव्यास द्वारा
पृष्ठ 9, कुल 1617 में से
संदर्भ में पढ़ें१४-अपशकुन देखकर महाराज युधिष्ठिरका शंका करना और अर्जुनका द्वारकासे लौटना १५-कृष्णविरहव्यथित पाण्डवोंका परीक्षित्को राज्य देकर स्वर्ग सिधारना १६-परीक्षित्की दिग्विजय तथा धर्म और पृथ्वीका संवाद १७-महाराज परीक्षित्द्वारा कलियुगका दमन १८-राजा परीक्षित्को शृंगी ऋषिका शाप १९-परीक्षित्का अनशनव्रत और शुकदेवजीका आगमन
द्वितीय स्कन्ध
१-ध्यान-विधि और भगवान्के विराट्स्वरूपका वर्णन २-भगवान्के स्थूल और सूक्ष्मरूपोंकी धारणा तथा क्रममुक्ति और सद्योमुक्तिका वर्णन ३-कामनाओंके अनुसार विभिन्न देवताओंकी उपासना तथा भगवद्भक्तिके प्राधान्यका निरूपण ४-राजाका सृष्टिविषयक प्रश्न और शुकदेवजीका कथारम्भ ५-सृष्टि-वर्णन ६-विराट्स्वरूपकी विभूतियोंका वर्णन ७-भगवान्के लीलावतारोंकी कथा ८-राजा परीक्षित्के विविध प्रश्न ९-ब्रह्माजीका भगवद्धामदर्शन और भगवान्के द्वारा उन्हें चतुःश्लोकी भागवतका उपदेश १०-भागवतके दस लक्षण
तृतीय स्कन्ध
१-उद्धव और विदुरकी भेंट २-उद्धवजीद्वारा भगवान्की बाललीलाओंका वर्णन ३-भगवान्के अन्य लीलाचरित्रोंका वर्णन ४-उद्धवजीसे विदा होकर विदुरजीका मैत्रेय ऋषिके पास जाना ५-विदुरजीका प्रश्न और मैत्रेयजीका सृष्टिक्रम वर्णन ६-विराट् शरीरकी उत्पत्ति ७-विदुरजीके प्रश्न ८-ब्रह्माजीकी उत्पत्ति ९-ब्रह्माजीद्वारा भगवान्की स्तुति ebook converter DEMO Watermarks*