युक्तिकल्पतरु (महाराज भोज - नौका-निर्माण, जलयान-विज्ञान, शस्त्र, दुर्ग एवं राजधर्म सटीक)

युक्तिकल्पतरु (महाराज भोज - नौका-निर्माण, जलयान-विज्ञान, शस्त्र, दुर्ग एवं राजधर्म सटीक)
Yuktikalpataru of Maharaja Bhoja with Commentary
महाराज भोज (सम्पादक: पण्डित ईश्वरचन्द्र शास्त्री) द्वारा
DevanagariHindipublished278 पृष्ठ
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Digitized By Siddhanta eGangotri Gyaan Kosha नौतियुक्तिः। २९ एतयोरपि पूर्व्ववद् व्याख्यानम्। राजच्छत्रेण कुत्रापि वास्तुपत्तनमिष्यते। तस्यापि पूर्व्ववन्मानं तन्मान (७) मिति भाषितम् ॥ १६१ ॥ अथ तत्र गुणदोषौ,— [पुस्तकालय-पत्रकम्:] विषय संख्या ३१० / १२(ए) आगत पंजिका संख्या पुस्तकालय गुरुकुल कांगड़ी विश्वविद्यालय 30 MAY 1974 K56/77
- 5 JAN 1976 ३२३/Z [मूलपृष्ठ-अंशाः:] ॥ ६७ ॥
( ( ( (१०) ... (११) वस्तूद्देशः इति (ख) पुस्तक पाठः। CC-0. Gurukul Kangri Collection, Haridwar.