भारतकोश
सामवेद संहिता (सरल हिन्दी भावार्थ सहित)

सामवेद संहिता (सरल हिन्दी भावार्थ सहित)

Samaveda Samhita with Hindi Translation

डा. रेखा व्यास द्वारा

स्रोत: संस्कृत साहित्य प्रकाशन · संस्कृत साहित्य प्रकाशन (उद्गम)

DevanagariSanskritpublished310 पृष्ठ

पृष्ठ 160, कुल 310 में से

संदर्भ में पढ़ें
पृष्ठ 160

हे सोम! आप हजार घर वाले हैं. आप पवित्र व इंद्र के सखा हैं. आप जलवान व धनवान हैं. आप प्रतिदिन द्रोणकलश में प्रवाहित होते हैं. (६) पवित्रं ते विततं ब्रह्मणस्पते प्रभुर्गात्राणि पर्येषि विश्वतः. अतप्ततनूर्न तदामो अश्नुते शृतास इद्वहन्तः सं तदाशत.. (७) हे सोम! आप पवित्र हैं. आप ब्रह्मज्ञान के स्वामी व देह के मालिक हैं. आप समर्थों पर कृपा करते हैं. यज्ञ करने वाले ही आप तक पहुंच पाते हैं. जिस ने तन नहीं तपाया, वह आप से कुछ (सुखकृपा) नहीं पा सकता. (७) तपोष्पवित्रं विततं दिवस्पदे ऽ र्चन्तो अस्य तन्तवो व्यस्थिरन्. अवन्त्यस्य पवितारमाशवो दिवः पृष्ठमधि रोहन्ति तेजसा.. (८) हे सोम! आप पवित्र हैं. आप दुश्मनों को तपाने के लिए स्वर्गलोक में फैले हुए हैं. आप की किरणें चमकीली हैं. ये चमकीली किरणें स्वर्गलोक के पीछे स्थित हैं और यजमानों की रक्षा करती हैं. (८) अरूरुचदुषसः पृश्निरग्रिय उक्षा मिमेति भुवनेषु वाजयूः. मायाविनो ममिरे अस्य मायया नृचक्षसः पितरो गर्भमा दधुः.. (९) हे सूर्य! आप सभी ग्रहों में सब से प्रमुख हैं. आप प्रकाशित होते हैं. आप सभी लोकों में अपनी किरणें फैलाते हैं तथा सभी भुवनों में अन्न उपजाते हैं. आप की किरणें सब को प्रकाशित करती हैं. ये किरणें अपने गर्भ में जल धारण करती हैं. (९) छठा खंड प्र म ꣹ हिष्ठाय गायत ऋताव्ने बृहते शुक्रशोचिषे. उपस्तुतासो अग्नये.. (१) हे यजमानो! आप महान यज्ञ करने वाले हैं. आप अग्नि की उपासना कीजिए. अग्नि महान व तेजस्वी हैं. (१) आ व ꣹ सते मघवा वीरवद्यशः समिद्धो द्युम्न्याहुतः. कुविन्नो अस्य सुमतिर्भवीयस्यच्छा वाजेभिरागमत्.. (२) हे अग्नि! आप वीर, यशवान व उत्तम बुद्धि वाले हैं. आप पीढ़ी दर पीढ़ी धन और यश प्रदान करते हैं. आप हम पर कृपा कीजिए. हमें अन्नबल प्रदान कीजिए. (२) तं ते मदं गृणीमसि वृषणं पृक्षु सासहिम्. उ लोककृत्नुमद्रिवो हरिश्रियम्.. (३) हे इंद्र! आप साहसी, बलशाली एवं इच्छापूरक हैं. आप लोक का भला चाहने वाले व अश्वों से सुशोभित होते हैं. सोमरस पीते ही आप प्रसन्न हो जाते हैं. हम आप के स्वरूप की प्रशंसा करते हैं. (३) ebook converter DEMO Watermarks*