सन्त दादू दयाल वाणी (सन्त दादू दयाल जी - सम्पूर्ण साखी एवं पद सटीक)

सन्त दादू दयाल वाणी (सन्त दादू दयाल जी - सम्पूर्ण साखी एवं पद सटीक)
Sant Dadu Dayal Vani with Hindi Commentary
सन्त दादू दयाल जी द्वारा
DevanagariHindipublished504 पृष्ठ
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अथ सूक्ष्म जन्म का अंग ११ मंगलाचरण दादू नमो नमो निरंजनं, नमस्कार गुरुदेवतः । वन्दनं सर्व साधवा, प्रणामं पारंगत: ॥ 1 ॥ दादू चौरासी लख जीव की, प्रकृति घट मांहि। अनेक जन्म दिन के करै, कोई जाणै नांहि ॥ 2 ॥ अनेक जन्म दिन के करै दादू जेते गुण व्यापैं जीव को, ते ते ही अवतार। आवागमन यहु दूर कर, समर्थ सिरजनहार ॥ 3 ॥
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