सन्त दादू दयाल वाणी (सन्त दादू दयाल जी - सम्पूर्ण साखी एवं पद सटीक)

सन्त दादू दयाल वाणी (सन्त दादू दयाल जी - सम्पूर्ण साखी एवं पद सटीक)
Sant Dadu Dayal Vani with Hindi Commentary
सन्त दादू दयाल जी द्वारा
DevanagariHindipublished504 पृष्ठ
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अथ विश्वास का अंग १९ मंगलाचरण दादू नमो नमो निरंजनं, नमस्कार गुरुदेवतः । वन्दनं सर्व साधवा, प्रणामं पारंगत: ॥ 1 ॥ दादू सहजैं सहजैं होइगा, जे कुछ रचिया राम । काहे को कलपै मरै, दुःखी होत बेकाम ॥ 2 ॥ सांई किया सो ह्वै रह्या, जे कुछ करै सो होइ । कर्ता करै सो होत है, काहे कलपै कोइ ॥ 3 ॥ दादू कहै जे तैं किया सो ह्वै रह्या, जे तूं करै सो होइ । करण करावण एक तूं, दूजा नांहीं कोइ ॥ 4 ॥
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