भारतकोश
सन्त दादू दयाल वाणी (सन्त दादू दयाल जी - सम्पूर्ण साखी एवं पद सटीक)

सन्त दादू दयाल वाणी (सन्त दादू दयाल जी - सम्पूर्ण साखी एवं पद सटीक)

Sant Dadu Dayal Vani with Hindi Commentary

सन्त दादू दयाल जी द्वारा

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श्री दादूवाणी-राग सूहा 22 ३55. परिचय । पंजाबी त्रिताल अब हम राम सनेही पाया, अगम अनहद सौं चित लाया ॥ टेक ॥ तन मन आतम ताकों दीन्हा, तब हरि हम अपना कर लीन्हा। वाणी विमल पाँच परानां, पहिली शीश मिले भगवानां ॥ 1 ॥ जीवत जन्म सुफल कर लीन्हा, पहली चेते तिन भल कीन्हा। अवसर आपा ठौर लगावा, दादू जीवित ले पहुँचावा ॥ 2 ॥ इति राग सूहा सम्पूर्णः ॥ 22 ॥ पद 2 ॥ दादूराम सत्यराम

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