भारतकोश
गौतम धर्मसूत्र (हिन्दी व्याख्या सहित)

गौतम धर्मसूत्र (हिन्दी व्याख्या सहित)

Gautama Dharmasutra Hindi

महर्षि गौतम द्वारा

स्रोत: Gautama Dharmasutram with Hindi Commentary (उद्गम)

DevanagariHindipublished360 पृष्ठ

पृष्ठ 128, कुल 360 में से

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पृष्ठ 128

सानुवाद-मिताक्षरावृत्तिसहितानि ६३

दशमीस्थो वृद्धः। अनुग्राह्यो रोगार्तः। वधूर्गर्भिणी। स्नातको विद्याव्रतस्नातः। राजाऽभिषिक्तः। पथि संगम एतेभ्योऽन्यैः पन्था देयः॥ २१ ॥

पहिये वाली सवारी (रथ आदि) पर बैठे हुए व्यक्ति, दशमी दशा में स्थित वृद्ध पुरुष, रोगी, गर्भवती स्त्री, स्नातक और राजा के लिए रास्ता दे देना चाहिए (अर्थात् इनके मार्ग में आने पर मार्ग छोड़ कर हट जाना चाहिए और उन्हें जाने देना चाहिए।)॥ २१ ॥

तत्र विशेषः—

राज्ञा तु श्रोत्रियाय श्रोत्रियाय ॥ २२ ॥

श्रोत्रियसमागमे राज्ञैव पन्था देयः। अभ्यासोऽध्यायसमाप्त्यर्थः॥ २२ ॥

इति श्रीगौतमीयवृत्तौ हरदत्तविरचितायां मिताक्षरायां प्रथमप्रश्ने षष्ठोऽध्यायः॥ ६ ॥

श्रोत्रिय व्यक्ति के लिए राजा को रास्ता दे देना चाहिए ॥ २२ ॥

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