भारतकोश
करूँ जगत से न्यार

करूँ जगत से न्यार

Karun Jagat Se Nyaar

सतगुरु मधु परमहंस जी द्वारा

स्रोत: साहिब बंदगी आध्यात्मिक संस्थान · साहिब बंदगी (उद्गम)

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नाम दान का दिन

जब आप नाम-दान लेने आ रहे हो तो एक बात जान लेना कि आज आपका नया जन्म होने जा रहा है । आज तक जीवन में जो कुछ भी छल- कपट किया, पाप-कर्म किये, भूल जाओ, क्योंकि तब अज्ञान में थे, पाप-पुण्य का इतना बोध नहीं था। वैसे पाप होना नहीं चाहिए, पर पूर्व संस्कारों से बुद्धि न हुई और इस कारण पाप हुए। खैर, अब आप अज्ञानी नहीं रहेंगे। पाप- पुण्य का बोध आपको हो जाएगा, इसलिए अब कुछ ग़लत नहीं करना । सात नियम आपको बताए जायेंगे, जिनपर आपको दृढ़ता से चलना होगा। चिंता मत करें, आपको नाम की ताक़त का सहयोग मिलेगा। कहीं गफलत में होंगे तो वो ताक़त आपको रोकेगी, समझायेगी, पर उसके अनदेखा नहीं करना । यदि उसे अनसुना करके जानबूझकर ग़लत किया तो माफी नहीं मिलेगी। सज़ा साथ- साथ मिलेगी। सत्य बोलना, माँस न खाना, नशा न करना, चरित्रवान रहना, हक की कमाई खाना, जुआ नहीं खेलना और चोरी नहीं करना । तो आपको पहले ये नियम बताए जायेंगे । आप एक विश्वास के साथ नाम लेने आ रहे हैं तो और जगहों पर आपका विश्वास नहीं होना चाहिए, क्योंकि जिसकी सभी में आस्था है, समझो कि उसकी किसी में आस्था नहीं है, इसलिए वो नास्तिक है। आप आस्तिक होकर आएँ। पूरे विश्वास के साथ आएँ। इसलिए यदि आपने कोई डोरे, ताबीज, ग्रहों वाली अँगूठियाँ आदि पहन रखी हैं तो वो सब उतार आएँ, एक पूरे विश्वास के साथ समर्पित भाव से आएँ। ‘एक नाम को जानकर दूजा देई बहाय ।।' समझ लें कि आप सही जगह जा रहे हैं। मैंने बार-बार कहा है कि जो वस्तु मेरे पास है, ब्रह्माण्ड में कहीं नहीं है। इस बात को दिमाग़ जल्दी नहीं मानता है । आप विश्वास रखें। ऐसे ही सब कुछ नहीं कहा। पर मैंने कभी यह नहीं कहा कि मैं ही साहिब हूँ, मैं ही सब