ऋग्वेद संहिता (सरल हिन्दी भावार्थ सहित)
Rigveda Samhita with Hindi Translation
डा. गंगा सहाय शर्मा द्वारा
स्रोत: संस्कृत साहित्य प्रकाशन · संस्कृत साहित्य प्रकाशन (उद्गम)
पृष्ठ 704, कुल 1855 में से
संदर्भ में पढ़ेंहे शूर इंद्र! मनुष्यों के किसी युद्ध में यदि हमारे मध्य तेज वज्र गिरे अथवा हे स्वामी! हमारा शत्रुओं के साथ भयानक युद्ध हो रहा हो, उस समय तुम हमारे शरीर के रक्षक बनना. (१७) भुवोऽविता वामदेवस्य धीनां भुवः सखावृतको वाजसातौ. त्वामनु प्रमतिमा जगन्मोरुशंसो जरित्रे विश्वध स्याः.. (१८) हे इंद्र! वामदेव के यज्ञ के रक्षक बनो. हे हिंसारहित! युद्ध में मेरे मित्र बनो. हे बुद्धिमान्! हम तुम्हारी ओर आते हैं. तुम स्तुतिकर्त्ताओं की सदा प्रशंसा करो. (१८) एभिर्नृभिरिन्द्र त्वायुभिष्ट्वा मधवद्भिर्मघवन्विश्व आजौ. द्यावो न द्युम्नैरभि सन्तो अर्यः क्षपो मदेम शरदश्च पूर्वीः.. (१९) हे धन के स्वामी इंद्र! हम सभी युद्धों में धन से पूर्ण हो. द्युलोक के समान ओज से युक्त अपने सहायक मरुतों के साथ मिलकर आप शत्रुओं को हरावें. हम कई सालों तक रात्रि- दिवस आपको प्रमुदित करते रहें. (१९) एवेदिन्द्राय वृषभाय वृष्णे ब्रह्माकर्म भृगवो न रथम्. नू चिद्द्यथा नः सख्या वियोषदसन्न उग्रोऽविता तनूपाः.. (२०) बढ़ई जिस प्रकार रथ बनाते हैं, उसी प्रकार हम कामवर्षी एवं नित्य तरुण इंद्र के लिए स्तोत्र की रचना करते हैं. हम ऐसा आचरण करेंगे, जिससे इंद्र के साथ हम लोगों की मैत्री बनी रहे व तेजस्वी तथा शरीरपालक इंद्र हम लोगों के रक्षक हों. (२०) नू ष्टुत इन्द्र नू गृणान इषं जरित्रे नद्यो३ न पीपेः. अकारि ते हरिवो ब्रह्म नव्यं धिया स्याम रथ्यः सदासाः.. (२१) हे इंद्र! जिस प्रकार जल नदी को पूर्ण कर देता है, उसी प्रकार तुम पूर्ववर्ती ऋषियों तथा हमारी स्तुतियों को स्वीकार करके हमारी अन्नवृद्धि करो. हे हरि नामक घोड़ों के स्वामी इंद्र! हमने तुम्हारे लिए नई स्तुतियां की हैं. हम रथ के स्वामी एवं तुम्हारे सेवक बनें. (२१) सूक्त—१७ देवता—इंद्र त्वं महाँ इन्द्र तुभ्यं ह क्षा अनु क्षत्रं मंहना मन्यत द्यौः. त्वं वृत्रं शवसा जघन्वान्त्सृजः सिन्धूँरहिना जग्रसानान्.. (१) हे महान् इंद्र! विस्तृत धरती और आकाश ने तुम्हारे बल को स्वीकार किया था. तुमने अपने बल से वृत्र को मारा एवं उसके द्वारा ग्रसित नदियों को स्वतंत्र किया. (१) तव त्विसो जनिमन्नेजत द्यौ रेजद्भूमिर्भियसा स्वस्य मन्योः. ebook converter DEMO Watermarks*