भारतकोश
वैयाकरण सिद्धान्त कौमुदी (भट्टोजि दीक्षित - बालमनोरमा व तत्त्वबोधिनी टीका सम्पूर्ण पूर्वार्ध)

वैयाकरण सिद्धान्त कौमुदी (भट्टोजि दीक्षित - बालमनोरमा व तत्त्वबोधिनी टीका सम्पूर्ण पूर्वार्ध)

Vaiyakarana Siddhanta Kaumudi of Bhattoji Dikshita with Commentary

भट्टोजि दीक्षित (टीकाकार: वासुदेव दीक्षित एवं ज्ञानेन्द्र सरस्वती) द्वारा

DevanagariHindipublished835 पृष्ठ

पृष्ठ 338, कुल 835 में से

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there is a small ! Footnote 7: ७ “क्ष्मायी” विधूननं कम्पनम् ॥ And in line 7: पुनः प्रस- Above पुनः there is a small ! Footnote 8: ८ ननु "प्याय् ए" इति दशायां... And in line 16: तेवृ देवृ देवने । Above देवने there is a small ! Footnote 9: ९ "तेवृ देवृ" देवनं क्रीडा ॥ And in line 17: अयं सोपदेशोऽ Above अयं there is a small १०! Footnote 10: १० अयमिति । षेवृ धातुः ॥ तद्भाष्येति । सोपदेशत्वं भाष्यविरुद्धम् । ...

Now let's check line 1 again: कथम् ' उदयति विततोर्ध्वरश्मिरज्जाविति माघः ? Wait, what is after माघः ? Is it इट्किट्कटि? Let's look at the footnote 2: २ समाधत्ते-इट्कटीति ॥ (or इट्कटिति or इटकटीति?) Let's read line 1 again carefully: `... माघः ? इटँकिटँकटँ इ

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