भारतकोश
लघुसिद्धान्तकौमुदी (वरदराजाचार्य - भैमी एवं सान्वय हिन्दी व्याख्या सहित)

लघुसिद्धान्तकौमुदी (वरदराजाचार्य - भैमी एवं सान्वय हिन्दी व्याख्या सहित)

Laghu Siddhanta Kaumudi of Varadaraja with Hindi Commentary

आचार्य वरदराज द्वारा

DevanagariHindipublished633 पृष्ठ

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हलन्त-नपुंसकलिङ्ग-प्रकरणम् ४६५ प्र० स्वनडुत्,-द् स्वनडुही स्वनड्वांहि | प० स्वनडुहः स्वनडुद्भ्याम् स्वनडुद्भ्यः द्वि० ,, ,, ,, | ष० ,, स्वनडुहोः स्वनडुहाम् तृ० स्वनडुहा स्वनडुद्भ्याम् स्वनडुद्भिः | स० स्वनडुहि ,, स्वनडुत्सु च० स्वनडुहे ,, स्वनडुद्भ्यः | सं० हे स्वनडुत्-द्! स्वनडुही! स्वनड्वांहि! भ्याम्, भिस्, भ्यस् और सुप् में वसुंस्रंसुं० (२६२) से दत्व हो जाता है। (यहां हकारान्त नपुंसक शब्दों का विवेचन समाप्त होता है।) —::o::— [लघु०] वाः । वारी । वारि । वार्भ्याम् ॥ व्याख्या—वार् (जल) । आपः स्त्री भूम्नि वार्वारि—इत्यमरः । वार् + सुं । स्वमोर्नपुंसकात् (२४४) से सुं का लुक् होकर अवसान में रेफ को विसर्ग हो जाता है—वाः । वार् + औ । नपुंसकाच्च (२३५) से औ को शी हो—वार् + शी = वारी । वार् + जस् । जश्शसोः शिः (२३७) से जस् को शि हो—वार् + शि = वारि । रेफ का झलों में पाठ न होने से यहां नपुंसकस्य झलचः (२३६) से नुँम् का आगम नहीं होता । 'वार्' (जल) शब्द की रूपमाला यथा— प्र० वाः वारी वारि | प० वारः वार्भ्याम् वार्भ्यः द्वि० ,, ,, ,, | ष० ,, वारोः वाराम् तृ० वारा वार्भ्याम् वार्भिः | स० वारि ,, वार्षु† च० वारे ,, वार्भ्यः | सं० हे वाः ! हे वारी ! हे वारि ! † यहां रुँ का रेफ न होने से विसर्ग आदेश नहीं होता—रोः सुपि (२६८) । [लघु०] चत्वारि ॥ व्याख्या—'चतुर' शब्द त्रिलिङ्गी तथा नित्य बहुवचनान्त होता है । यहां नपुंसक में इस की प्रक्रिया दर्शाई जाती है— चतुर् + जस् = चतुर् + शि । शि सर्वनामस्थानम् (२३८) द्वारा 'शि' की सर्व- नामस्थानसञ्ज्ञा होकर चतुरनडुहोः० (२५६) से आम् का आगम तथा इको यणचि (१५) सूत्र से यण् आदेश होकर—चत्वारि । इसी प्रकार शस् में । शेष विभक्तियों में पुंवत् प्रक्रिया जाननी चाहिये । रूपमाला यथा— विभक्ति एकवचन द्विवचन बहुवचन | विभक्ति एकवचन द्विवचन बहुवचन प्र० ० ० चत्वारि | प० ० ० चतुर्भ्यः द्वि० ० ० ,, | ष० ० ० चतुर्णाम् तृ० ० ० चतुर्भिः | स० ० ० चतुर्षु च० ० ० चतुर्भ्यः | सम्बोधन नहीं होता । (यहां रेफान्त नपुंसक शब्दों का विवेचन समाप्त होता है।) —::o::—